कब दूर होगी वैक्‍सीन की किल्‍लत? देश के दो सबसे बड़े डॉक्‍टर्स से जानिए

0
31

नई दिल्‍ली
भारत में फिलहाल वैक्‍सीन की जो कमी है, वह अगले दो महीने में दूर हो जाएगी। यह कहना है एम्‍स (दिल्‍ली) के निदेशक डॉक्‍टर रणदीप गुलेरिया का। एक ऑनलाइन चर्चा में डॉ गुलेरिया ने कहा कि जो कंपनियां वैक्‍सीन बना रही हैं, वे और मैनुफैक्‍चरिंग प्‍लांट खोलना शुरू करेंगी तो और डोज उपलब्‍ध होंगी। उन्‍होंने कहा कि हमें विदेशों से भी वैक्‍सीन हासिल होगी।

डॉ गुलेरिया ने कहा कि ‘कोविशील्‍ड, कोवैक्‍सीन और स्‍पूतनिक भारत में बनेंगी और मैनुफैक्‍चरिंग प्‍लांट्स बढ़ाए जा रहे हैं। वहीं मशहूर कार्डियोलॉजिस्‍ट डॉ नरेश त्रेहन ने काह कहा कि भारत के पास वो इन्‍फ्रास्‍ट्रक्‍चर मौजूद है कि अगर डोज उपलब्‍ध हों तो वह जल्‍द से जल्‍द सबको टीका लगा सकता है।

‘बुजुर्गों, बीमारों को टीके पर हो फोकस’वैक्‍सीन की उपलब्‍धता को लेकर एम्‍स डायरेक्‍टर ने कहा कि ‘स्‍पूतनिक ने भारत में उत्‍पादन के लिए कई कंपनियों से टाईअप किया है। भारत बायोटेक और SII (सीरम इंस्टिट्यूट ऑफ इंडिया) भी नए प्‍लांट सेटअप कर रहे हैं। जुलाई-अगस्‍त तक हमारे पास बड़ी संख्‍या में डोज उपलब्‍ध होंगी।’

डॉ गुलेरिया ने कहा कि ‘मुझे अब भी लगता है कि कोविड-19 से मृत्‍यु का खतरा उन लोगों में ज्‍यादा है जो बुजुर्ग हैं या जिन्‍हें कोई को-मॉर्बिडिटी है। हमें जल्‍द से जल्‍द उन्‍हें वैक्‍सीनेट करने पर फोकस करना चाहिए और बाकी आबादी को भी चरणबद्ध तरीके से वैक्‍सीनेट करने की तरफ देखना होगा।’

एम्‍स डायरेक्‍टर के मुताबिक, हम एक-दो दिन या महीने भर में सबको वैक्‍सीनेट नहीं कर पाएंगे। उन्‍होंने कहा कि ‘ऐसी स्थिति में हम इस तरह से अपॉइंटमेंट देने की रणनीति बनानी चाहिए जहां हम युवा आयुवर्ग को 2, 3 या 4 महीने के अंतराल पर डोज दे सकें।’

‘वैक्‍सीन के लिए घबराने की जरूरत नहीं’मेदांता के चेयरमैन और एमडी डॉ नरेश त्रेहन ने कहा कि ‘अच्‍छी बात ये है कि हिंदुस्‍तान में इतना इन्‍फ्रास्‍ट्रक्‍चर है कि जैसे ही वैक्‍सीन उपलब्‍ध हो रही है, हम ज्‍यादा से ज्‍यादा लोगों को टीका लगा सकते हैं।’ डॉ त्रेहन ने कहा कि वैक्‍सीन को लेकर घबराने की जरूरत नहीं है। जैसे-जैसे सप्‍लाई बढ़ेगी, वैसे-वैसे टीकाकरण की रफ्तार भी बढ़ती चली जाएगी। उन्‍होंने कहा कि ‘हमें पर्सनल लॉकडाउन में जाना है। अगर कोविड के प्रति सावधानियां रखेंगे तो वैसे ही संक्रमण की चेन टूट जाएगी।’

डॉ त्रेहन ने कहा कि जैसे ही कोविड-19 के लक्षण दिखाई दें, फौरन खुद को आइसोलेट कर लें। उन्‍होंने कहा, “अधिकतर लोग जिन्‍हें कफ, सर्दी, गले में खराश या बुखार होता है, वे पॉजिटिव निकलते हैं। उन्‍हें फौरन खुद को आइसोलेट करना चाहिए ताकि बाकी लोगों को वायरस से बचाया जा सके।’