गणतंत्र: 17 हजार फीट ऊंचाई, माइनस 20 डिग्री तापमान, जमी नदी पर तिरंगा यात्रा

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जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और अन्य राज्यों से लगने वाली अंतरराष्ट्रीय सीमाओं एवं एलओसी पर मंगलवार को 72वें गणतंत्र दिवस का जश्न धूमधाम से मनाया गया। इस दौरान लद्दाख के दुर्गमतम इलाकों में भारत तिब्बत सीमा पुलिस के जवानों ने जमी हुई नदी पर तिरंगा यात्रा भी निकाली। देखें, कुछ शानदार तस्वीरें:
देश के 72वें गणतंत्र दिवस के मौके पर मंगलवार को जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के ऊंचे पर्वतीय क्षेत्रों में तैनात सशस्त्र बलों के जवानों ने तिरंगा फहराकर लोकतंत्र का जश्न मनाया। इस दौरान शून्य से भी नीचे तापमान वाले मौसम में सशस्त्र बलों ने भारत माता की जय का जयघोष भी लगाया।
जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और अन्य राज्यों से लगने वाली अंतरराष्ट्रीय सीमाओं एवं एलओसी पर मंगलवार को 72वें गणतंत्र दिवस का जश्न धूमधाम से मनाया गया। इस दौरान लद्दाख के दुर्गमतम इलाकों में भारत तिब्बत सीमा पुलिस के जवानों ने जमी हुई नदी पर तिरंगा यात्रा भी निकाली।
देखें, कुछ शानदार तस्वीरें:
जमी नदी पर तिरंगा यात्रालद्दाख में भारत तिब्बत सीमा पुलिस के जवानों ने जमी हुई नदी पर तिरंगा लेकर मार्च भी किया।
-20 डिग्री में गणतंत्र का जश्नलद्दाख में मंगलवार सुबह गणतंत्र दिवस के जश्न के दौरान तापमान शून्य से कई डिग्री नीचे रहा। लद्दाख में ध्वाजारोहण के वक्त यहां का तापमान -20 डिग्री के आसपास रहा।

#WATCH: Indo Tibetan Border Police (ITBP) jawans celebrate the 72nd #RepublicDay at a high-altitude Border Outpost… https://t.co/ipGAjaCC7q— ANI (@ANI) 1611630100000

उच्च पर्वतीय इलाके में तैनात हैं ITBP के जवानलद्दाख में आईटीबीपी के जवानों के साथ भारतीय सेना के जवान भी चीन की हर चुनौती का जवाब देने के लिए अपनी ड्यूटी कर रहे हैं। उच्च पर्वतीय क्षेत्र की बेहद दुर्गम स्थितियों में यह जवान पूरी प्रतिबद्धता से अपनी ड्यूटी निभा रहे हैं।
जम्मू से सियाचिन तक गणतंत्र दिवस का जश्न72वें गणतंत्र दिवस के मौके पर देश के तमाम राज्यों में धूमधाम से लोकतंत्र का जश्न मनाया जा रहा। जम्मू में उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने तिरंगा फहराकर लोगों को गणतंत्र दिवस की शुभकामना दी है। वहीं लद्दाख से सियाचिन तक जवानों ने अलग-अलग हिस्से में गणतंत्र दिवस के मौके पर ध्वजारोहण किया है।
कड़ाके की ठंड में भी राष्ट्रभक्ति का खास दृश्यखास बात यह है कि गणतंत्र दिवस के मौके पर जहां सारे राष्ट्र में कोरोना काल के दौरान संक्षिप्त स्तर पर समारोह हुए हैं, वहीं मैदानी इलाकों से लेकर उच्च पर्वतीय क्षेत्रों में पूरे जोश के साथ जवानों ने प्रोटोकॉल का पालन करते हुए गणतंत्र दिवस मनाया है।