CM सोरेन के बिगड़े बोल- उपचुनाव जीतने के बाद भाजपाइयों को लाठी-डंडे से खदेड़ा जाएगा

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शिव शंकर,दुमका। झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) के कार्यकारी अध्यक्ष और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन (CM Heman Soren) ने चुनावी रैली को संबोधित करते हुए विवादास्पद शब्दों का इस्तेमाल किया। हेमंत सोरेन ने कहा कि झारखंड में अब भाजपाइयों की नहीं झारखंडियों की चलेगी। उपचुनाव में दोनों पर जीत हासिल करने के बाद लाठी डंडे के साथ मजबूती से इस राज्य से भाजपाइयों को खदेड़ा जाएगा। सीएम सोरेन ने बुधवार को दुमका में झामुमो प्रत्याशी बसंत सोरेन के पक्ष में करीब आधे दर्जन गांवों में चुनावी सभा को संबोधित किया।

इस दौरान हेमंत सोरेन ने कहा कि राज्य में दो दशक के बाद जनता के आशीर्वाद से उनके नेतृत्व में पहली बार झामुमो (JMM), कांग्रेस (Congress) व राजद (RJD) वाले महागठबंधन (Mahagathbandhan) की सरकार बनी है। इस सरकार को 50 विधायकों का समर्थन प्राप्त है। उपचुनाव के परिणाम से राज्य सरकार की सेहत पर कोई असर नहीं पड़ेगा। दुमका और बेरमो सीट महागठबंधन की सीट रही है। इन दोनों सीटों पर महागठबंधन के प्रत्याशियों की जीत से राज्य सरकार पूरी मजबूती से जनाकांक्षाओं को धरातल पर उतारने का कार्य करेगी।

भाजपाइयों को लाठी डंडे से खदेड़ा जायेगा: हेमंत सोरेन
उन्होंने कहा कि पिछले पांच वर्षों तक काला कानून बना कर झारखंड वासियों को प्रताड़ित करने वाले भाजपाइयों को लाठी डंडे से खदेड़ा जायेगा। सोरेन ने पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास सरकार पर नौकरी के नाम पर राज्य के विभिन्न जिलों को बांटने का आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा ने पिछले पांच वर्ष के दौरान आदिवासी, दलित, अल्प संख्यक व पिछड़ा वर्ग के लोगों का शोषण और अत्याचार किया। उनके पिछले कार्यकाल में गरीबों के लिए शुरू कल्याणकारी योजनाओं को ठप कर दिया। सरकार की गलत नीतियों के कारण उच्च न्यायालय ने शिक्षकों की नियुक्ति को रद्द कर दिया।

सरकार के पास 50 विधायकों का समर्थन: हेमंत सोरेन
सीएम हेमंत सोरेन ने कहा कि इससे नवनियुक्त शिक्षकों को चिंता करने की जरूरत नहीं है। राज्य सरकार उनकी नियुक्ति को लेकर भी गम्भीर और चिंतित हैं। राज्य सरकार सर्वोच्च न्यायालय में इस पहल करेगी। सोरेन ने कहा कि झारखंड अलग राज्य निर्माण के लगभग बीस साल बाद राज्य में उनके नेतृत्व में झामुमो की पूर्ण बहुमत की सरकार बनी है। राज्य विधानसभा में उनकी सरकार के पास 50 विधायकों का समर्थन है। फिर भी दुमका और बेरमो के उपचुनाव में महागठबंधन को जीत मिलने से यह सरकार और मजबूरी से कार्य करेगी।